Bharat Vandan News
Image default
शिक्षा

गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में आईसीएसएसआर प्रायोजित 10 दिवसीय शोध पद्धति पाठ्यक्रम का समापन समारोह आयोजित

गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में आईसीएसएसआर प्रायोजित 10 दिवसीय शोध पद्धति पाठ्यक्रम का समापन समारोह आयोजित

गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में आईसीएसएसआर प्रायोजित 10 दिवसीय शोध पद्धति पाठ्यक्रम का समापन समारोह सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इस अवसर पर सामाजिक विज्ञान तथा अंतर्विषयी अध्ययन में शोध क्षमताओं के विकास हेतु आयोजित इस गहन शैक्षणिक कार्यक्रम का समापन हुआ।
कार्यक्रम की विस्तृत रिपोर्ट निदेशक डॉ. चिंतला वेंकट शिवसाई द्वारा प्रस्तुत की गई। उन्होंने पाठ्यक्रम के उद्देश्यों, संरचना तथा उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इस कार्यक्रम के माध्यम से शोधार्थियों को शोध रूपरेखा निर्माण, अनुसंधान पद्धतियों, आँकड़ा विश्लेषण, शैक्षणिक लेखन तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसी उभरती तकनीकों के उपयोग की व्यापक जानकारी प्रदान की गई।
विशिष्ट संबोधन में प्रोफेसर एस. धनलक्ष्मी, अधिष्ठाता, स्कूल ऑफ़ बायोटेक्नोलॉजी ने कार्यक्रम के सफल आयोजन की सराहना करते हुए इसके माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शोध एवं शैक्षणिक उत्कृष्टता को बढ़ावा मिलने की कामना की।
अध्यक्षीय संबोधन में प्रोफेसर चंदर कुमार सिंह, कुलसचिव, गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय ने समकालीन शिक्षा जगत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बढ़ते महत्व पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने सामाजिक विज्ञान एवं दर्शन के क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की परिवर्तनकारी भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि यह वर्तमान समय में शोध पद्धतियों एवं ज्ञान सृजन को नई दिशा प्रदान कर रही है।
मुख्य वक्तव्य प्रोफेसर आर. सी. प्रधान, पूर्व सदस्य सचिव, भारतीय दार्शनिक अनुसंधान परिषद द्वारा दिया गया। उन्होंने शोध में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका पर गहन विचार प्रस्तुत करते हुए इसकी सीमाओं का भी आलोचनात्मक विश्लेषण किया। साथ ही उन्होंने कृत्रिम बुद्धिमत्ता के नैतिक पहलुओं पर बल देते हुए शैक्षणिक अनुसंधान में तकनीक के संतुलित एवं जिम्मेदार उपयोग की आवश्यकता पर जोर दिया।
इस सत्र में देश के विभिन्न राज्यों के विश्वविद्यालयों से आए शोधार्थियों ने सक्रिय सहभागिता की, जो कार्यक्रम की राष्ट्रीय पहुंच एवं अंतर्विषयी प्रासंगिकता को दर्शाता है।
कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसे डॉ. चिंतला वेंकट शिवसाई, विभागाध्यक्ष, बौद्ध अध्ययन एवं सभ्यता विद्यालय तथा निदेशक, अंतरराष्ट्रीय संबंध, गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय ने प्रस्तुत किया। उन्होंने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं आयोजकों के प्रति आभार व्यक्त किया।

Related posts

कैंसर की रोकथाम और जागरूकता के लिए जीबीयू में “वैचारिक संगोष्ठी शृंखला 1.0” का आयोजन

admin

भारत शिक्षा एक्सपो-2026 के तृतीय संस्करण का इंडिया एक्सपो मार्ट ग्रेटर नोएडा में हुआ भव्य शुभारंभ*bharat shiksha expo 2026

admin

जीएनआईओटी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस ने धूमधाम से स्थापना दिवस मनाया

admin